पुणे। महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजित पवार का बुधवार सुबह पुणे जिले के बारामती हवाई अड्डे के पास हुए एक विमान हादसे में निधन हो गया। इस दर्दनाक दुर्घटना में उनके साथ विमान में सवार चार अन्य लोगों की भी मौत हो गई। अधिकारियों ने हादसे की पुष्टि की है। अजित पवार मुंबई से पुणे जिले में प्रस्तावित जिला परिषद चुनावों के सिलसिले में चार चुनावी रैलियों को संबोधित करने के लिए रवाना हुए थे। उनका निजी लियरजेट 45 विमान खराब दृश्यता के बीच बारामती हवाई अड्डे पर उतरने का प्रयास कर रहा था।
सरकारी बयान के अनुसार, विमान यातायात नियंत्रण कक्ष (ATC) ने पहले विमान को खराब मौसम के कारण हवा में चक्कर लगाने को कहा था। बाद में लैंडिंग की अनुमति दी गई, लेकिन इसके बाद पायलट की ओर से एटीसी को कोई रीड-बैक नहीं मिला। कुछ ही पलों में विमान रनवे के किनारे दुर्घटनाग्रस्त हो गया और उसमें भीषण आग लग गई। हादसे में जान गंवाने वालों में 15,000 घंटे का उड़ान अनुभव रखने वाले कैप्टन सुमित कपूर, 7,500 घंटे का अनुभव रखने वाली सह-पायलट कैप्टन शांभवी पाठक, निजी सुरक्षा अधिकारी विधिप जाधव और विमान परिचारिका पिंकी माली शामिल हैं।
नागर विमानन मंत्रालय ने बताया कि विमान दुर्घटना जांच ब्यूरो (AAIB) ने हादसे की जांच शुरू कर दी है। फ्लाइट रडार के अनुसार, विमान ने सुबह 8:10 बजे मुंबई से उड़ान भरी थी और करीब 8:45 बजे रडार से संपर्क टूट गया। दुर्घटना के बाद सभी घायलों को तुरंत अस्पताल ले जाया गया, लेकिन किसी को भी बचाया नहीं जा सका। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, विमान हवा में अस्थिर दिख रहा था और जमीन से टकराते ही उसमें विस्फोट और आग लग गई।
अजित पवार के निधन पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह सहित देशभर के नेताओं ने गहरा शोक व्यक्त किया है। महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने इसे “अविश्वसनीय और व्यक्तिगत क्षति” बताया। महाराष्ट्र सरकार ने 30 जनवरी तक तीन दिन का राजकीय शोक घोषित किया है। इस दौरान सभी सरकारी भवनों पर राष्ट्रीय ध्वज आधा झुका रहेगा। गुरुवार को बारामती में राजकीय सम्मान के साथ उनका अंतिम संस्कार किया जाएगा।
