विनोद साहनी हत्याकांड में पीड़ित परिवार से मिलने जा रहे थे, पुलिस ने सर्किट हाउस पहुंचाया
बाराबंकी। गोंडा जिले के बर्तन कारोबारी विनोद कुमार साहनी हत्याकांड में पीड़ित परिवार से मिलने जा रहे आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) के राष्ट्रीय अध्यक्ष और नगीना से सांसद चंद्रशेखर आजाद को रविवार को बाराबंकी में पुलिस ने रोक लिया। इसके बाद नाराज समर्थकों ने शहाबपुर टोल प्लाजा पर हंगामा किया और कथित तौर पर टोल बैरियर तोड़ दिया।
शहाबपुर टोल प्लाजा पर रोके गए
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, चंद्रशेखर आजाद अपने समर्थकों के साथ लखनऊ से गोंडा जा रहे थे। इसी दौरान मसौली थाना क्षेत्र के शहाबपुर टोल प्लाजा पर पुलिस ने उन्हें रोककर हिरासत में लिया और बाद में रामनगर स्थित सर्किट हाउस ले जाया गया।
समर्थकों का विरोध, पुलिस ने संभाला मोर्चा
सांसद को रोके जाने की सूचना मिलते ही उनके समर्थकों में नाराजगी फैल गई। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने कथित रूप से टोल प्लाजा का बैरियर तोड़ दिया, जिससे कुछ समय के लिए अफरातफरी का माहौल बन गया। बाद में मौके पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर स्थिति को नियंत्रित किया गया।
विनोद साहनी हत्याकांड से जुड़ा है मामला
गौरतलब है कि गोंडा जिले के परसपुर क्षेत्र के शाहपुर धनोवा गांव में 10 सितंबर की रात बर्तन कारोबारी विनोद साहनी (45) पर घर लौटते समय धारदार हथियार से हमला किया गया था। गंभीर रूप से घायल साहनी को पहले परसपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, फिर गोंडा जिला अस्पताल और बाद में किंग जॉर्ज चिकित्सा विश्वविद्यालय (केजीएमयू), लखनऊ रेफर किया गया, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई।
बताया जा रहा है कि विनोद साहनी निषाद समाज से जुड़े मुद्दों को सक्रिय रूप से उठाते थे और समाजवादी पार्टी तथा निषाद पार्टी सहित कई राजनीतिक दलों से उनका जुड़ाव रहा था।
पहले भी रोके जा चुके हैं विपक्षी नेता
बाराबंकी में हाल के दिनों में विपक्षी नेताओं को रोकने की यह तीसरी घटना है। इससे पहले शुक्रवार को समाजवादी पार्टी पिछड़ा वर्ग प्रकोष्ठ के प्रदेश अध्यक्ष राजपाल कश्यप को रामनगर चौराहे पर रोका गया था, जिससे राष्ट्रीय राजमार्ग पर लंबा जाम लग गया था। वहीं शनिवार को कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय राय को भी मसौली क्षेत्र में पुलिस ने आगे बढ़ने से रोक दिया था।
Reade More : चंद्रशेखर आजाद ने आकाश आनंद को दिया खुला ऑफर
